
वंदे मातरम और विभाजन की स्मृतियों की छायाचित्र में दिखा भारत का गौरवपूर्ण इतिहास
आमजन उत्साह से कर रहे अवलोकन, सेल्फी स्टैंड बना आकर्षण का केन्द्र
संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में तीन दिवसीय विशेष छायाचित्र प्रदर्शनी

✍🏻✍🏻 संपादक जसीम खान संवाद छत्तीसगढ़ कुसमी बलरामपुर ✍🏻✍🏻
बलरामपुर 13 अगस्त 2026/* वंदे मातरम के 150वें वर्ष पूर्ण होने, हर घर तिरंगा अभियान एवं विभीषिका स्मरण दिवस के उपलक्ष्य तथा स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जिले में देशभक्ति, राष्ट्रीय एकता और भारत के गौरवपूर्ण इतिहास के प्रति जागरूकता का संदेश जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से तीन दिवसीय विशेष छायाचित्र प्रदर्शनी लगाई गई है। राज्य शासन की मंशानुरूप जिले में कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन में संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में 13 से 15 अगस्त 2026 तक आयोजित की जा रही इस प्रदर्शनी में ‘हर घर तिरंगा’, ‘वंदे मातरम’ एवं ‘भारत विभाजन की विभीषिका स्मरण दिवस’ की थीम पर आधारित छायाचित्रों को प्रदर्शित किया गया है। संयुक्त जिला कार्यालय पहुंचने वाले आम नागरिकों, अधिकारी-कर्मचारियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर इसके माध्यम से प्रस्तुत किए गए ऐतिहासिक प्रसंगों एवं संदेशों को जाना।
स्वतंत्रता संग्राम की गौरवगाथा को छायाचित्रों के माध्यम से किया गया प्रस्तुत
विशेष छायाचित्र प्रदर्शनी में देश की स्वतंत्रता के लिए किए गए संघर्ष, स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान और राष्ट्र निर्माण की गौरवपूर्ण यात्रा से जुड़े महत्वपूर्ण प्रसंगों को छायाचित्रों के माध्यम से प्रदर्शित किया गया है। प्रदर्शनी में लगाए गए चित्र देशवासियों के त्याग, संघर्ष और बलिदान की स्मृतियों को जीवंत करते हुए नई पीढ़ी को स्वतंत्रता के महत्व से परिचित करा रहे हैं। आजादी के इस गौरव को समझना और राष्ट्र की एकता, अखंडता तथा संप्रभुता को मजबूत बनाए रखना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।
हर घर तिरंगा से राष्ट्रध्वज के प्रति सम्मान का संदेश
प्रदर्शनी में हर घर तिरंगा अभियान की थीम पर आकर्षक सेल्फी स्टैंड भी लगाया गया है। यहां पहुंचने वाले नागरिक तिरंगे के साथ सेल्फी लेेकर देशभक्ति की भावना से जुड़ रहें हैं। सेल्फी स्टैंड के माध्यम से नागरिकों को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर अपने घरों में तिरंगा फहराने तथा हर घर तिरंगा अभियान में सहभागी बनने प्रेरित किया जा रहा है। तिरंगा देश की आन, बान और शान का प्रतीक है। अभियान के माध्यम से प्रत्येक नागरिक को राष्ट्रीय ध्वज के प्रति सम्मान व्यक्त करने तथा स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राष्ट्र के प्रति अपनी प्रतिबद्धता प्रदर्शित करने का संदेश दिया जा रहा है।
वंदे मातरम की ऐतिहासिक एवं राष्ट्रीय भावना से कराया जा रहा परिचय
प्रदर्शनी में वंदे मातरम की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि एवं स्वतंत्रता आंदोलन में इसकी भूमिका को भी प्रमुखता से प्रदर्शित किया गया है। वंदे मातरम ने स्वतंत्रता संग्राम के दौरान देशवासियों में राष्ट्रीय चेतना और एकजुटता की भावना को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। छायाचित्रों एवं संबंधित सामग्री के माध्यम से इसके ऐतिहासिक महत्व और राष्ट्रभावना से जुड़े विभिन्न पहलुओं को प्रदर्शित किया गया है। विद्यार्थियों एवं युवा पीढ़ी प्रदर्शनी के माध्यम से देश के स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़े महत्वपूर्ण घटनाक्रमों को सहज रूप से समझ सकते हैं।
भारत विभाजन की विभीषिका की स्मृतियों को किया गया प्रदर्शित
प्रदर्शनी में भारत विभाजन की विभीषिका स्मरण दिवस की थीम पर आधारित छायाचित्र भी लगाए गए हैं। भारत विभाजन के दौरान लोगों को जिन कठिन परिस्थितियों, संघर्ष और विस्थापन का सामना करना पड़ा, उससे जुड़ी स्मृतियों को छायाचित्रों के माध्यम से प्रस्तुत किया गया है। इन छायाचित्रों के माध्यम से विभाजन की पीड़ा को स्मरण करते हुए शांति, सद्भाव, मानवीय संवेदनाओं और राष्ट्रीय एकता के महत्व का संदेश दिया जा रहा है।
आमजनों ने किया प्रदर्शनी का अवलोकन
संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में आयोजित इस प्रदर्शनी को देखने के लिए आज बड़ी संख्या में आमजन एवं कार्यालय आने वाले लोगों ने रुचि दिखाई। लोगों ने प्रदर्शनी में लगाए गए छायाचित्रों का अवलोकन किया तथा स्वतंत्रता संग्राम, ‘वंदे मातरम’ और भारत विभाजन से जुड़े ऐतिहासिक प्रसंगों की जानकारी प्राप्त की।
15 अगस्त तक आमजन के लिए रहेगी प्रदर्शनी
तीन दिवसीय यह विशेष छायाचित्र प्रदर्शनी 13 अगस्त से 15 अगस्त 2026 तक संयुक्त जिला कार्यालय परिसर में आयोजित की जा रही है। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर जिले में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों के बीच यह प्रदर्शनी लोगों को राष्ट्रीय एकता से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं को जानने और समझने का अवसर प्रदान कर रही है।
